नई दिल्ली – कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष डॉ. फारूक अब्दुल्ला पर जम्मू-कश्मीर में हुए हमले की घटना की निंदा करते हुए केंद्र सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि केंद्र के सीधे नियंत्रण में होने के कारण प्रदेश में कानून-व्यवस्था को लेकर चिंताएं बढ़ रही हैं। साथ ही उन्होंने जम्मू-कश्मीर को फिर से पूर्ण राज्य का दर्जा देने की मांग दोहराई।
राज्यसभा में इस मुद्दे को उठाते हुए खरगे ने कहा कि अगर डॉ. फारूक अब्दुल्ला के साथ मौजूद स्थानीय सुरक्षाकर्मियों ने समय रहते कार्रवाई नहीं की होती, तो घटना गंभीर रूप ले सकती थी। उन्होंने सवाल किया कि जब प्रदेश में कानून-व्यवस्था पूरी तरह केंद्र सरकार के अधीन है, तो ऐसी घटनाएं क्यों हो रही हैं।
कांग्रेस अध्यक्ष ने सरकार से पूछा कि वरिष्ठ नेताओं की सुरक्षा को लेकर पर्याप्त इंतजाम क्यों नहीं किए गए। उन्होंने कहा कि सरकार को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि सभी नेताओं और नागरिकों की सुरक्षा पूरी तरह से सुनिश्चित हो।
खरगे ने अपने वक्तव्य में कहा कि जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए राज्य का दर्जा बहाल करना जरूरी है। उनका कहना था कि जब तक प्रदेश को पूर्ण राज्य का दर्जा नहीं दिया जाएगा और कानून-व्यवस्था का नियंत्रण स्थानीय सरकार के पास नहीं आएगा, तब तक लोगों में असुरक्षा की भावना बनी रह सकती है।
उन्होंने यह भी कहा कि मौजूदा परिस्थितियां इस बात की ओर संकेत करती हैं कि जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा और राजनीतिक स्थिरता को लेकर गंभीर प्रयासों की आवश्यकता है।
