लोक गायिका मालिनी अवस्थी के राजनीति में आने को लेकर एक बार फिर चर्चाएं तेज हो गई हैं। हाल ही में दिए गए एक इंटरव्यू के बाद यह अटकलें लगाई जाने लगीं कि वह उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 में चुनाव लड़ सकती हैं, लेकिन उन्होंने इन सभी अटकलों को फिलहाल खारिज कर दिया है।
इंटरव्यू के दौरान मालिनी अवस्थी ने स्पष्ट किया कि राजनीति में उनके जाने की चर्चा कोई नई बात नहीं है, बल्कि पिछले 30 वर्षों से लगातार ऐसे सवाल उठते रहे हैं। उन्होंने कहा कि समय-समय पर कई नेताओं ने उन्हें अलग-अलग सीटों से चुनाव लड़ने का प्रस्ताव दिया है।
उन्होंने बताया कि पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह, सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव और बसपा सुप्रीमो मायावती सहित कई नेताओं ने उन्हें राजनीति में आने और चुनाव लड़ने के लिए कहा था, लेकिन उन्होंने कभी इन प्रस्तावों को गंभीरता से नहीं लिया।
मालिनी अवस्थी ने कहा कि उनका मुख्य उद्देश्य हमेशा से संगीत और लोक कला को आगे बढ़ाना रहा है। उन्होंने कहा कि अगर उन्हें राजनीति करनी होती तो वह पहले ही इस क्षेत्र में प्रवेश कर चुकी होतीं।
उन्होंने यह भी कहा कि अक्सर जो लोग स्वतंत्र विचार रखते हैं, उन्हें राजनीति से जोड़कर देखा जाता है, जबकि उनका पूरा ध्यान संगीत और लोक संस्कृति के संरक्षण पर है।
मालिनी अवस्थी ने साफ किया कि उनका राजनीति में आने का कोई इरादा नहीं है और वह पूरी तरह से संगीत की दुनिया में ही सक्रिय रहेंगी। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें अपने काम से जो सम्मान मिला है, वह किसी राजनीतिक भूमिका से ज्यादा महत्वपूर्ण है।

