हरियाणा में सोमवार को राज्यसभा की दो सीटों के लिए हुए चुनाव में बड़ा उलटफेर देखने को मिला। कांग्रेस के उम्मीदवार करमवीर सिंह बौद्ध ने महज़ 1 वोट की बढ़त से जीत हासिल की, जबकि भाजपा के संजय भाटिया भी विजयी रहे।
इस चुनाव में निर्दलीय उम्मीदवार सतीश नांदल भी शामिल थे, लेकिन उन्हें करमवीर सिंह बौद्ध से सिर्फ़ 1 वोट कम मिला। कुल मिलाकर भाजपा और कांग्रेस ने अपनी-अपनी सीटों पर कब्ज़ा बनाए रखा।
मुख्यमंत्री और मंत्रियों की प्रतिक्रिया
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि कांग्रेस को अपने विधायकों पर भरोसा नहीं था। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने अपने कुछ विधायकों को बार-बार ट्रांसफर कर मतदान में बाधा डाली।
सरकार के मंत्री गौरव गौतम ने कहा कि कांग्रेस ने केवल 0.3% से जीत हासिल की, और क्रॉस वोटिंग के कारण कांग्रेस के नेतृत्व को विधायकों पर भरोसा नहीं था।
कांग्रेस नेताओं की प्रतिक्रिया
विजयी कांग्रेस नेता करमवीर सिंह बौद्ध ने कहा कि उन्हें पार्टी और जनता का पूर्ण समर्थन मिला। उन्होंने जोर देकर कहा कि लोकतंत्र की जीत हुई और उनके पक्ष में सभी वैध वोट खड़े रहे।
पूर्व सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने आरोप लगाया कि चुनाव में अवलोकन के नाम पर दबाव और प्रलोभन डाला गया, लेकिन विधायकों ने हार नहीं मानी।
कांग्रेस के नेता विपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि यह चुनाव कांग्रेस के लिए ‘अग्नि परीक्षा’ जैसा था, जिसे पार्टी ने सफलता से पास किया। उन्होंने यह भी कहा कि क्रॉस-वोटिंग के बावजूद कांग्रेस ने अपनी सीट सुरक्षित रखी।
