बिहार के पूर्णिया से सांसद पप्पू यादव के संसद परिसर में भगवा वस्त्र पहनकर किए गए प्रदर्शन को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। शनिवार (1 अगस्त 2026) को लखनऊ के गोमतीनगर स्थित विश्व हिंदू रक्षा परिषद के कार्यालय के बाहर संगठन के कार्यकर्ताओं ने पप्पू यादव के खिलाफ प्रदर्शन किया और उनका पुतला फूंका।
प्रदर्शनकारियों ने पप्पू यादव पर सनातन धर्म और भगवा परंपरा का अपमान करने का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिसकर्मियों के बीच हल्की नोकझोंक भी देखने को मिली।
विश्व हिंदू रक्षा परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष गोपाल राय ने आरोप लगाया कि संसद परिसर में हुए प्रदर्शन के दौरान सनातन धर्म और संत समाज की भावनाओं को ठेस पहुंचाई गई। उन्होंने कहा कि पप्पू यादव ने भगवा वस्त्र और धार्मिक प्रतीकों का राजनीतिक इस्तेमाल कर हिंदू समाज का अपमान किया है। उन्होंने यह भी दावा किया कि इसका राजनीतिक असर आने वाले समय में देखने को मिल सकता है।
वहीं, इस मामले को लेकर हिंदू सेना ने भी आपत्ति जताई है। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष विष्णु गुप्ता ने लोकसभा अध्यक्ष को पत्र लिखकर पप्पू यादव की कथित गतिविधियों पर कार्रवाई की मांग की है।
हिंदू सेना का आरोप है कि संसद सत्र के दौरान पप्पू यादव ने भगवा वस्त्र पहनकर पुजारी का रूप धारण करते हुए राजनीतिक प्रदर्शन किया, जिससे सनातन धर्म, भगवा वस्त्र और भगवान श्रीराम से जुड़े प्रतीकों का अपमान हुआ।
संगठन ने इसे संसद की गरिमा और आचार संहिता का उल्लंघन बताते हुए लोकसभा अध्यक्ष से कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, इस मामले पर पप्पू यादव की ओर से कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।


