उत्तर प्रदेश की राजनीति में उस समय तीखी बयानबाजी देखने को मिली जब कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित तौर पर आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किए जाने का मामला सामने आया। इस बयान के बाद भारतीय जनता पार्टी ने कड़ा रुख अपनाते हुए कांग्रेस पर जमकर हमला बोला है।
बीजेपी नेताओं ने अजय राय के बयान को “अभद्र और असंसदीय” बताते हुए कहा कि यह कांग्रेस की राजनीतिक संस्कृति को दर्शाता है। पार्टी का आरोप है कि कांग्रेस नेतृत्व लगातार हताशा और निराशा में इस तरह की भाषा का इस्तेमाल कर रहा है, जो लोकतांत्रिक मर्यादाओं के खिलाफ है।
इस मामले पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि राजनीतिक विरोध अलग बात है, लेकिन प्रधानमंत्री जैसे संवैधानिक पद के लिए इस तरह की भाषा स्वीकार नहीं की जा सकती। उन्होंने यह भी कहा कि बार-बार माफी मांगने या सफाई देने से इस तरह की टिप्पणियों का औचित्य खत्म नहीं हो जाता।
बीजेपी नेताओं ने यह भी याद दिलाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हमेशा अपने राजनीतिक विरोधियों के प्रति सम्मानजनक रवैया अपनाया है, यहां तक कि अजय राय के स्वास्थ्य को लेकर भी उन्होंने शुभकामनाएं दी थीं। इसके बावजूद इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करना राजनीतिक मर्यादाओं का उल्लंघन है।
वहीं, बीजेपी का कहना है कि जो लोग “मोहब्बत की दुकान” की बात करते हैं, उन्हें पहले अपनी भाषा और व्यवहार में संयम और शालीनता दिखानी चाहिए। पार्टी ने इसे लोकतांत्रिक संवाद की गरिमा के खिलाफ बताते हुए कड़ी आलोचना की है। यह मामला राजनीतिक बहस का केंद्र बना हुआ है और दोनों दलों के बीच बयानबाजी तेज हो गई है।


