अयोध्या में इन दिनों कथित वीआईपी कल्चर के बढ़ने से स्थानीय लोग परेशान हैं। शहर की सड़कों पर नियमों की अनदेखी करते हुए हूटर बजाती और काली फिल्म लगी गाड़ियों के बढ़ते उपयोग को लेकर लोगों में नाराजगी देखी जा रही है।
स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि अब केवल जनप्रतिनिधि या वरिष्ठ अधिकारी ही नहीं, बल्कि निजी वाहनों—जैसे स्कॉर्पियो, बोलेरो, इनोवा और एर्टिगा—का भी गलत तरीके से उपयोग किया जा रहा है। इन वाहनों में हूटर और काली फिल्म का इस्तेमाल कर सड़क पर दबदबा बनाने की कोशिश की जा रही है।
नियमों के उल्लंघन के आरोप
लोगों का कहना है कि कुछ ऐसे लोग भी इन सुविधाओं का लाभ उठा रहे हैं जो प्रशासनिक या वीआईपी श्रेणी में नहीं आते। आरोप है कि कुछ कर्मचारियों और सहयोगियों को भी कथित तौर पर वीआईपी पास उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
आम जनता को हो रही परेशानी
तेज रफ्तार और हूटर बजाती गाड़ियों के कारण आम राहगीरों और वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इससे ट्रैफिक व्यवस्था प्रभावित हो रही है और कई बार दुर्घटना का खतरा भी बढ़ जाता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि काली फिल्म लगी गाड़ियों का उपयोग कर सड़क पर दबाव बनाया जाता है, जिससे आम लोगों को रास्ता देने के लिए मजबूर होना पड़ता है।
सख्त कार्रवाई की मांग
नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। नियमों का उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना और कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि सड़क व्यवस्था में अनुशासन बना रहे और आम जनता को राहत मिल सके।

