पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में कांवड़ यात्रियों को लेकर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी के मामले में मुस्लिम धर्मगुरु मौलाना साजिद रशीदी के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। हिंदू संघर्ष समिति की ओर से दी गई लिखित शिकायत के आधार पर सिविल लाइन थाना पुलिस ने FIR दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
मामला कांवड़ यात्रा के दौरान सामने आए एक कथित वीडियो से जुड़ा है। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि वीडियो में मौलाना साजिद रशीदी ने शिवभक्त कांवड़ियों और कांवड़ यात्रा को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की। वीडियो सामने आने के बाद हिंदू संगठनों ने नाराजगी जताई और पुलिस से कार्रवाई की मांग की।
शिकायत के आधार पर दर्ज हुआ मुकदमा
हिंदू संघर्ष समिति के कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को मुजफ्फरनगर पुलिस को लिखित शिकायत दी थी। शिकायत में मौलाना के कथित बयान को लेकर कार्रवाई की मांग की गई थी।
पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है। अधिकारियों के मुताबिक, वीडियो और उससे जुड़े तथ्यों की जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
SSP ने बताया क्या है मामला
मुजफ्फरनगर के एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने बताया कि मौलाना की ओर से जारी किए गए एक वीडियो में कुछ ऐसे बयान दिए गए थे, जिन पर आपत्ति जताई गई है। उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रियों को लेकर की गई कथित टिप्पणी को आपत्तिजनक और श्रद्धालुओं की भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाली शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज किया गया है।
एसएसपी के मुताबिक, फिलहाल मामले की विवेचना जारी है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने भी जताई नाराजगी
मामले को लेकर उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कांवड़ यात्रा की कठिनाइयों का उल्लेख करते हुए कहा कि बड़ी संख्या में श्रद्धालु कई किलोमीटर की यात्रा कर गंगाजल लेकर शिवालयों तक पहुंचते हैं।
मंत्री ने आरोप लगाया कि कथित टिप्पणी के जरिए कांवड़ियों और कांवड़ यात्रा को बदनाम करने का प्रयास किया गया। उन्होंने ऐसे बयानों पर नाराजगी जताते हुए समाज के जिम्मेदार लोगों से भी अपील की कि वे विवादित और आपत्तिजनक बयानों को रोकने की दिशा में पहल करें।
पुलिस जांच के बाद स्थिति होगी स्पष्ट
फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस वीडियो की सत्यता, उसके संदर्भ और उसमें कही गई बातों की जांच कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की स्थिति स्पष्ट होगी।
कांवड़ यात्रा के दौरान पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को लेकर प्रशासन पहले से सतर्क है। ऐसे में पुलिस और प्रशासन की ओर से विवादित बयानों तथा सोशल मीडिया पर सामने आने वाली सामग्री पर भी नजर रखी जा रही है।


