यूपी में नहीं बढ़ेगा बिजली बिल? 10% फ्यूल सरचार्ज पर आयोग ने उठाए सवाल

shikha verma
2 Min Read

उत्तर प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं के लिए राहत भरी खबर है। राज्य विद्युत नियामक आयोग ने बिजली बिलों पर प्रस्तावित 10 प्रतिशत फ्यूल सरचार्ज की वसूली को नियमों के अनुरूप नहीं माना है। आयोग के इस रुख के बाद उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (UPPCL) को अपने फैसले पर पुनर्विचार करना पड़ सकता है।

फ्यूल सरचार्ज बढ़ोतरी के विरोध में उपभोक्ता परिषद ने नियामक आयोग के समक्ष लोक महत्व प्रस्ताव दाखिल किया था। मामले की सुनवाई के दौरान आयोग ने इस प्रस्तावित बढ़ोतरी पर गंभीर आपत्ति जताते हुए इसे नियमों के खिलाफ बताया और पावर कॉरपोरेशन से सात दिनों के भीतर स्पष्टीकरण मांगा है।

आयोग ने सवाल किया है कि आखिर किस आधार पर बिजली उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ डालने का निर्णय लिया गया। आयोग का मानना है कि फ्यूल सरचार्ज बढ़ाने की प्रक्रिया निर्धारित नियमों के अनुरूप नहीं दिखाई देती।

यदि आयोग की आपत्तियों के बाद यह प्रस्ताव वापस लिया जाता है, तो प्रदेश के लाखों उपभोक्ताओं को बिजली बिलों में संभावित बढ़ोतरी से राहत मिलेगी। इससे घरेलू और व्यावसायिक दोनों श्रेणी के उपभोक्ताओं को फायदा होगा।

गौरतलब है कि प्रदेश में भीषण गर्मी के दौरान बिजली कटौती और बढ़ती बिजली खपत को लेकर पहले ही उपभोक्ताओं में नाराजगी देखी जा रही है। ऐसे समय में फ्यूल सरचार्ज बढ़ाने के प्रस्ताव ने लोगों की चिंता और बढ़ा दी थी।

अब नियामक आयोग के हस्तक्षेप के बाद उम्मीद की जा रही है कि उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ नहीं पड़ेगा और बिजली दरों में फिलहाल किसी नई बढ़ोतरी की संभावना कम हो जाएगी।

Share This Article
Leave a Comment