राजस्थान सरकार ने राज्य में अवैध वाहन मॉडिफिकेशन के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए बड़ा अभियान शुरू करने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के निर्देश पर परिवहन विभाग ने नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर कार्रवाई तेज करने की तैयारी कर ली है।
सरकार ने स्पष्ट किया है कि काली फिल्म, प्रेशर हॉर्न, अनाधिकृत लाल-नीली बत्ती, हूटर, फ्लैशर और नियम विरुद्ध नंबर प्लेट वाले वाहनों पर अब सख्त कार्रवाई की जाएगी। ऐसे वाहनों पर चालान के साथ-साथ जब्ती और पंजीकरण निलंबन की कार्रवाई भी की जाएगी।
परिवहन विभाग के अनुसार, कई वाहन मालिक नियमों का उल्लंघन कर वाहनों में अवैध बदलाव कर रहे हैं, जिनका उपयोग गैर-कानूनी गतिविधियों में भी किया जा रहा है। इससे न केवल सड़क सुरक्षा प्रभावित हो रही है, बल्कि अपराधियों की पहचान करना भी मुश्किल हो जाता है।
सरकार ने वाहन मालिकों को तीन दिन का अल्टीमेटम देते हुए कहा है कि वे अपने वाहनों को नियमों के अनुरूप सुधार लें। निर्धारित समय सीमा के बाद पूरे प्रदेश में विशेष जांच अभियान चलाया जाएगा और उल्लंघन पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
इसके साथ ही सभी वाहन मालिकों को हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) लगवाने के निर्देश दिए गए हैं। बिना HSRP या फर्जी और ढकी हुई नंबर प्लेट वाले वाहनों पर भी सख्त कार्रवाई होगी।
परिवहन विभाग ने सभी क्षेत्रीय और जिला अधिकारियों को अभियान को प्रभावी ढंग से लागू करने के निर्देश दिए हैं। अभियान के दौरान स्कूल, कॉलेज, लग्जरी और संदिग्ध वाहनों पर विशेष नजर रखी जाएगी।


