जन सुराज अभियान के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने बिहार में कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। भरत तिवारी मामले समेत हाल के कई आपराधिक घटनाक्रमों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि अपराध किसी एक वर्ग या समुदाय तक सीमित नहीं है, बल्कि राज्य के विभिन्न हिस्सों में सभी लोग इससे प्रभावित हो रहे हैं।
एक कार्यक्रम के दौरान प्रशांत किशोर ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर भी निशाना साधा। उन्होंने राज्य में बढ़ते अपराध और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल उठाते हुए सरकार की कार्यशैली की आलोचना की।
प्रशांत किशोर ने कहा कि बिहार में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के लिए राजनीतिक नेतृत्व और प्रशासनिक जवाबदेही दोनों आवश्यक हैं। उन्होंने दावा किया कि राज्य में हाल के वर्षों में कई ऐसी घटनाएं सामने आई हैं, जिन्होंने आम लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ाई है।
उन्होंने मतदाताओं से भी अपील की कि वे चुनाव में उम्मीदवारों का चयन करते समय उनकी छवि, कार्यशैली और जनहित के प्रति प्रतिबद्धता को प्राथमिकता दें। प्रशांत किशोर का कहना था कि राज्य में सकारात्मक बदलाव केवल बेहतर राजनीतिक विकल्पों और जागरूक मतदान के माध्यम से संभव है।
अपने संबोधन में उन्होंने 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव और पूर्व चुनावी अनुभवों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि समाज को योग्य और ईमानदार नेतृत्व को आगे बढ़ाने की दिशा में सोचने की जरूरत है। प्रशांत किशोर के इन बयानों पर सरकार या मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।


