आजकल स्मार्टफोन सिर्फ कॉलिंग और मैसेजिंग तक सीमित नहीं हैं, बल्कि सोशल मीडिया, ऑनलाइन पेमेंट, गेमिंग और वीडियो कॉल जैसे कई कामों में लगातार इस्तेमाल हो रहे हैं। ऐसे में इंटरनेट कनेक्शन का लगातार ऑन रहना जरूरी हो गया है।
लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि मोबाइल डेटा और वाई-फाई में से कौन आपके फोन की बैटरी ज्यादा खर्च करता है?
मोबाइल डेटा बनाम वाई-फाई: कौन है बैटरी का असली दुश्मन?
विशेषज्ञों के अनुसार, मोबाइल डेटा की तुलना में वाई-फाई कनेक्शन फोन की बैटरी के लिए ज्यादा अनुकूल होता है। कमजोर सिग्नल वाले 4G या 5G मोबाइल नेटवर्क का इस्तेमाल वाई-फाई की तुलना में 50% से 120% तक ज्यादा बैटरी खपत कर सकता है।
मोबाइल डेटा ज्यादा बैटरी क्यों खाता है?
इसके पीछे मुख्य रूप से दो कारण हैं—
1. टावर से दूरी
मोबाइल डेटा इस्तेमाल करते समय फोन को नेटवर्क टावर से लगातार कनेक्ट रहना पड़ता है। अगर टावर दूर है, तो फोन को सिग्नल पकड़ने के लिए ज्यादा पावर लगानी पड़ती है, जिससे बैटरी तेजी से खत्म होती है।
2. कमजोर नेटवर्क की तलाश
कमजोर नेटवर्क की स्थिति में फोन लगातार बेहतर सिग्नल खोजता रहता है। यह प्रक्रिया बैकग्राउंड में चलती रहती है, जिससे बैटरी पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है।
वहीं, वाई-फाई राउटर पास होने के कारण फोन को कम ऊर्जा खर्च करनी पड़ती है, जिससे बैटरी अधिक समय तक चलती है।
बैटरी बचाने के आसान उपाय
- जहां संभव हो, मोबाइल डेटा की जगह वाई-फाई का इस्तेमाल करें
- कमजोर नेटवर्क में मोबाइल डेटा बंद रखें
- यात्रा के दौरान जरूरत न होने पर डेटा ऑफ करें
- फोन और ऐप्स को हमेशा अपडेट रखें


