भोपाल के नीलबड़ इलाके में स्थित RD Memorial College में 11 मार्च को आयोजित इफ्तार पार्टी का वीडियो वायरल होने के बाद विवाद और तनाव बढ़ गया। इस घटना के बाद विश्व हिंदू परिषद (VHP) और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने कॉलेज कैंपस घेरकर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि कॉलेज में इस्लामीकरण की कोशिश की जा रही है।
प्रदर्शनकारियों ने कॉलेज गेट पर हनुमान चालीसा का पाठ किया और परिसर में गंगाजल छिड़ककर शुद्धिकरण किया। उनका कहना था कि किसी धर्म विशेष को बढ़ावा नहीं दिया जाना चाहिए और ऐसे आयोजनों को रोकना जरूरी है। प्रदर्शनकारियों की मांग थी कि कॉलेज प्रशासन तुरंत स्पष्ट रुख अपनाए और किसी भी धर्म को बढ़ावा न दिया जाए।
कॉलेज प्रशासन ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया। स्टाफ ने बताया कि इफ्तार पार्टी में सभी छात्रों ने अपनी इच्छा से भाग लिया और किसी पर भी कोई दबाव नहीं डाला गया। उन्होंने कहा कि कॉलेज में सभी त्योहार मिलकर मनाए जाते हैं। छात्राओं ने भी पुष्टि की कि मुस्लिम छात्रों ने उन्हें स्वयं आमंत्रित किया था और वे अपनी मर्जी से शामिल हुई थीं।
छात्राओं ने बताया कि मुस्लिम छात्रों ने होली के मौके पर उनके साथ रंग-गुलाल खेला था और सभी मिलकर त्योहारों का आनंद लेते हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के आयोजनों में किसी प्रकार का जबरदस्ती नहीं होती और सभी मिलकर संस्कृति और धार्मिक एकता का अनुभव करते हैं।
वीएचपी संयोजक Jitendra Chauhan ने कहा कि शिक्षा संस्थानों में इस्लामीकरण की कोशिशें हो रही हैं और इसे रोकना जरूरी है। उन्होंने कॉलेज प्रशासन पर दबाव डाला कि वे किसी भी धर्म विशेष को बढ़ावा न दें और स्पष्ट रुख अपनाएं।
पुलिस ने सभी पक्षों से शांति बनाए रखने और संयम बरतने की अपील की। फिलहाल कॉलेज परिसर में सुरक्षा बल तैनात हैं ताकि किसी भी तरह के तनाव या हंगामे को रोका जा सके। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया कि कॉलेज में छात्रों और स्टाफ को किसी भी तरह की धमकी या दबाव नहीं दिया जाएगा।
यह मामला भोपाल में धार्मिक संवेदनशीलता और कॉलेज स्तर पर सांस्कृतिक समावेश को लेकर चर्चा का विषय बन गया है। छात्रों और स्टाफ ने बार-बार दोहराया कि कॉलेज में सभी धर्म के छात्रों के लिए समान अवसर और स्वतंत्रता सुनिश्चित की जाती है, और सभी त्योहार मिलकर मनाए जाते हैं।
