उत्तर प्रदेश सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के अनुपूरक बजट में सामाजिक सुरक्षा और शैक्षिक सशक्तिकरण को प्राथमिकता देते हुए समाज कल्याण विभाग के लिए ₹1,655 करोड़ की अतिरिक्त बजट व्यवस्था की है। विधानसभा में मंगलवार को प्रस्तुत अनुपूरक बजट में वृद्धावस्था पेंशन, छात्रवृत्ति और उच्च शिक्षा सहायता योजनाओं के साथ डॉ. भीमराव आंबेडकर से जुड़ी विकास योजना के लिए भी महत्वपूर्ण प्रावधान किए गए हैं।
वृद्धावस्था पेंशन योजना के लिए ₹1,500 करोड़
सरकार ने राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना के लिए ₹1,500 करोड़ का अतिरिक्त प्रावधान किया है। इस राशि का उद्देश्य पात्र वरिष्ठ नागरिकों को समयबद्ध आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना और सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाना है।
आंबेडकर विकास योजना को ₹407 करोड़
अनुपूरक बजट में डॉ. बी.आर. आंबेडकर मूर्ति विकास योजना के लिए ₹407 करोड़ की व्यवस्था की गई है। सरकार का कहना है कि इस प्रावधान से महापुरुषों की स्मृतियों के संरक्षण और सामाजिक समरसता से जुड़े विकास कार्यों को गति मिलेगी।
छात्रवृत्ति और उच्च शिक्षा सहायता को भी बढ़ावा
आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों की शिक्षा को समर्थन देने के लिए सामान्य वर्ग दशमोत्तर शुल्क प्रतिपूर्ति एवं छात्रवृत्ति योजना के लिए ₹155 करोड़ तथा मुख्यमंत्री मेधावी अनुसूचित जाति एवं जनजाति उच्च शिक्षा सहायता योजना के लिए ₹2 करोड़ का अतिरिक्त प्रावधान किया गया है। इससे पात्र एवं मेधावी विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा जारी रखने में सहायता मिलने की उम्मीद है।
सामाजिक सुरक्षा और समावेशी विकास पर फोकस
सरकार का मानना है कि अनुपूरक बजट में किए गए इन प्रावधानों से सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को गति मिलेगी। वृद्धावस्था पेंशन के लिए अतिरिक्त धनराशि उपलब्ध होने से लाभार्थियों तक समय पर सहायता पहुंचाई जा सकेगी, जबकि छात्रवृत्ति एवं उच्च शिक्षा सहायता योजनाओं से आर्थिक रूप से कमजोर छात्रों को राहत मिलेगी। वहीं डॉ. भीमराव आंबेडकर विकास योजना के लिए बजट आवंटन से सामाजिक समरसता और विरासत संरक्षण से जुड़े कार्यों को भी मजबूती मिलेगी।
समाज कल्याण विभाग के लिए किए गए ये प्रावधान सरकार की सामाजिक सुरक्षा, शिक्षा और समावेशी विकास को प्राथमिकता देने की नीति को आगे बढ़ाने वाले कदम के रूप में देखे जा रहे हैं।


