दिल्ली के सड़क नेटवर्क को मजबूत करने की दिशा में केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। केंद्रीय कैबिनेट ने शिव मूर्ति इंटरचेंज से वसंत कुंज (नेल्सन मंडेला मार्ग) तक 8.1 किलोमीटर लंबी 6-लेन अंडरग्राउंड टनल परियोजना को मंजूरी दे दी है।
करीब 6,969 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना के पूरा होने के बाद द्वारका एक्सप्रेसवे से मयूर विहार और DND फ्लाईओवर तक सिग्नल-फ्री और निर्बाध यातायात संभव हो सकेगा।
वसंत कुंज और एयरपोर्ट कनेक्टिविटी होगी आसान
नई टनल बनने के बाद द्वारका से वसंत कुंज तक का सफर और सुगम हो जाएगा। अभी जहां महिपालपुर और रंगपुरी क्षेत्र में भारी ट्रैफिक जाम लगता है, वहीं इस टनल से वाहन बिना रुकावट सीधे शिव मूर्ति इंटरचेंज से वसंत कुंज तक पहुंच सकेंगे।
द्वारका सेक्टर-21 से वसंत कुंज की दूरी अब लगभग 15 से 17 मिनट में तय की जा सकेगी।
मयूर विहार और DND तक सिग्नल-फ्री कॉरिडोर
यह परियोजना आगे चलकर महिपालपुर बाईपास और अन्य एलिवेटेड कॉरिडोर से जुड़कर शिव मूर्ति से मयूर विहार फेज-2 तक पूरी तरह निर्बाध मार्ग तैयार करेगी। इसके साथ ही बारापूला से DND फ्लाईओवर को जोड़ने के लिए भी नया फ्लाईओवर प्रस्तावित है।
पर्यावरण का रखा जाएगा ध्यान
टनल का एक हिस्सा रंगपुरी स्थित साउदर्न रिज फॉरेस्ट क्षेत्र के नीचे से गुजरेगा, जिसे पर्यावरण को नुकसान पहुंचाए बिना डिजाइन किया गया है। साथ ही छतरपुर की ओर यातायात के लिए एलिवेटेड यू-टर्न भी बनाया जाएगा।
किन लोगों को मिलेगा फायदा
इस परियोजना से IGI एयरपोर्ट, गुरुग्राम, दक्षिण दिल्ली, पूर्वी दिल्ली और नोएडा के बीच यात्रा काफी तेज और आसान हो जाएगी। महिपालपुर के ट्रैफिक जाम से राहत मिलने के साथ ही दिल्ली के कई प्रमुख इलाकों की कनेक्टिविटी बेहतर होगी।
नई टनल के शुरू होने के बाद दिल्ली में द्वारका एक्सप्रेसवे से लेकर पूर्वी दिल्ली तक एक नया सिग्नल-फ्री कॉरिडोर तैयार हो जाएगा, जिससे लाखों यात्रियों को रोजाना बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।


