गोरखपुर स्थित बीआरडी मेडिकल कॉलेज के ट्रॉमा इमरजेंसी वार्ड में ड्यूटी के दौरान शुरू हुआ एक मामूली विवाद देखते ही देखते गंभीर मारपीट में बदल गया। नर्सिंग स्टाफ ने आरोप लगाया है कि इंजेक्शन को लेकर हुई कहासुनी के बाद इंटर्न डॉक्टरों के एक समूह ने तीन कर्मचारियों के साथ मारपीट की।
इंजेक्शन को लेकर शुरू हुआ विवाद
जानकारी के अनुसार, गुरुवार दोपहर करीब 2 बजे सर्जरी विभाग का एक इंटर्न डॉक्टर ट्रॉमा वार्ड में इंजेक्शन लेने पहुंचा। बताया जा रहा है कि वह एक साथ पूरा पैकेट ले जाने लगा, जिस पर ड्यूटी पर तैनात स्टाफ ने आपत्ति जताई। कर्मचारियों ने कहा कि जितनी जरूरत हो उतनी ही दवा ली जाए, क्योंकि सभी दवाओं का रिकॉर्ड वार्ड में दर्ज किया जाता है। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में बहस शुरू हो गई।
मारपीट का आरोप, वार्ड में मची अफरा-तफरी
नर्सिंग स्टाफ का आरोप है कि विवाद बढ़ने पर इंटर्न डॉक्टर ने अपने साथियों को बुला लिया। थोड़ी देर में कई इंटर्न वार्ड में पहुंच गए और माहौल तनावपूर्ण हो गया। आरोप है कि संतोष मसीह, शिवम मिश्रा और जय प्रकाश को घेरकर जमीन पर गिराया गया और उनके साथ मारपीट की गई। बीच-बचाव करने आए अन्य कर्मचारियों से भी धक्का-मुक्की और गाली-गलौज की बात सामने आई है।
घटना के समय वार्ड में मरीज और उनके तीमारदार मौजूद थे, जिससे कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया और उपचार कार्य भी प्रभावित हुआ।
एफआईआर की तैयारी
घायल कर्मचारियों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराने की तैयारी शुरू कर दी है। उनका कहना है कि यह मामला केवल मारपीट का नहीं, बल्कि कार्यस्थल की सुरक्षा और सम्मान से जुड़ा है। फिलहाल कॉलेज प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

